Uric Acid Symptoms in Hindi | यूरिक एसिड बढ़ने के लक्षण और इलाज

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आज के खराब लाइफस्टाइल के कारण लोगों में कई तरह की बिमारियां देखने को मिलती हैं जैसे कि शुगर, मोटापा आदि। इन्ही में एक है यूरिक एसिड का बढ़ना। दोस्तों, आज हमारे इस आर्टिकल Uric Acid Symptoms in Hindi में हम आपको यूरिक ऐसिड के बारे में पूरी जानकारी देने जा रहे हैं जिसमें हम बताऐंगे, यूरिक ऐसिड बढ़ने के लक्षण, उसके इलाज और कुछ घरेलू उपाय जिनके द्वारा आप अपने बढ़े Uric Acid से कुछ हद तक निजात पा सकेंगे। यूरिक एसिड के लक्षण या उसके इलाज को जानने से पहले आपको ये जानना होगा की यूरिक एसिड क्या है? तो चलिए आपको Uric Acid Symptoms के बारे में कुछ जरूरी जानकारी दे देते हैं।

नोट: ये आर्टिकल साधारण जानकारी के लिए लिखा गया है। किसी भी प्रकार की युक्ति या घरेलू उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकिस्तक से परामर्श अवश्य लें।

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Content: Uric Acid Symptoms in Hindi

यूरिक एसिड क्या है और क्या हैं लक्षण (Uric Acid Symptoms in Hindi)

यूरिक एसिड कार्बन (Carbon), नाइट्रोजन (Nitrogen), ऑक्सीजन (Oxygen) और हाइड्रोजन (Hydrogen) का एक विषम चक्रीय यौगिक (Heterocyclic Compound) है जिसका सूत्र C5H4N4O3 है। यह आयनों (Ions) और लवणों (Salts) को बनाता है जिन्हें यूरेट्स (Urates) और एसिड यूरेट्स (Acid Urates) के रूप में जाना जाता है, जैसे अमोनियम एसिड यूरेट (Ammonium acid urate)। यूरिक एसिड, प्यूरीन न्यूक्लियोटाइड (Purine Nucleotides) के चयापचय टूटने (Metabolic Breakdown) का एक उत्पाद है और यह मूत्र (Urine) का एक सामान्य घटक (Normal Component) है।

Uric Acid के बढ़ने को Hyperuricemia भी कहा जाता है। यूरिक एसिड की उच्च रक्त सांद्रता (High Blood Concentration of Uric Acid) गाउट* का कारण बन सकती है और अन्य चिकित्सीय स्थितियों से जुड़ी होती है, जिसमें शुगर और अमोनियम एसिड यूरेट, गुर्दे की पथरी का कारण बनता है। (*Gout – एक ऐसी बीमारी जिससे जोड़ो में दर्द उठता है)

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शुरू-शुरू में यूरिक एसिड बढ़ने का पता नही लगता क्योंकि ज्यादातर लोगों को यूरिक एसिड के बारे में जानकारी ही नहीं होती, इसलिए लोग, शुरू में होने वाली छोटी-मोटी परेशानियों को नजरंदाज कर देते है।

जब व्यक्ति गुर्दों (Kidney) की छानने या फिल्टर करने की क्षमता कम हो जाती है तब ये यूरिया, यूरिक एसिड में बदल जाता है। Uric Acid शरीर के सेल्स और हमारे द्वारा खाई जाने वाली चीजों से बनता है। अब आपको बताते हैं Uric Acid Symptoms in Hindi.

यूरिक एसिड के लक्षण (Uric Acid Symptoms in Hindi)

जानते हैं कि जब किसी व्यक्ति के शरीर में यूरिक एसिड का स्तर बढ़ने लगता है तो व्यक्ति को कुछ Uric Acid Symptoms होते हैं जिन्हे किसी भी हालत में नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए। हम नीचे दे रहें यूरिक एसिड बढ़ने के कुछ लक्षण:

  • जोड़ो में दर्द होना
  • जोड़ो में गांठ की शिकायत होना
  • उठने बैठने में दिक्कत होना
  • थकान होना
  • उंगलियों में सूजन हो जाना
  • हाथों और पैरों की उंगलियों में चुभन महसूस होना

इन Uric Acid Symptoms से आप यूरिक एसिड के बारे में जान गए। यदि आपको भी इनमें से किसी लक्षण का अनुभव हो रहा है तो आज ही अपने चिकिस्तक से संपर्क करें और इस बारे में अपने डॉक्टर से सुझाव लें। अब बात करते हैं कि आखिर यूरिक एसिड क्यों बढ़ता है तो चलिए आपको हमारे आगे के आर्टिकल में इसकी भी जानकारी दे देते हैं।


यूरिक एसिड क्यों बढ़ता है

जब शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा बढ़ने लगती है तो उसे हाइपरयूरिसीमिया (Hyperuricemia) कहा जाता है जिसके कारण हमे कई दर्द भरी बीमारियों का सामना करना पड़ता है। बढ़ा हुआ यूरिक एसिड का स्तर हृदय रोग, मधुमेह और गुर्दे की बीमारियां पैदा करता है। यूरिक एसिड तब बनता है जब आपके शरीर में प्यूरीन टूट जाता है। प्यूरीन कुछ खाद्य पदार्थों में पाए जाने वाले रसायन होते हैं।

आम तौर पर जब आप पेशाब करते हैं तो आपके शरीर से यूरिक एसिड बाहर चला जाता है। हाइपरयूरिसीमिया (Hyperuricemia) तब होता है जब आपका शरीर या तो बहुत अधिक यूरिक एसिड का निर्माण करता है या इसे पर्याप्त मात्रा में शरीर से बाहर नहीं निकाल पाता है। यह आमतौर पर इसलिए होता है क्योंकि आपके गुर्दे इसे जल्दी से खत्म नहीं कर रहे हैं।

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आपके रक्त में अतिरिक्त यूरिक एसिड का स्तर क्रिस्टल के निर्माण का कारण बन सकता है। यद्यपि ये शरीर में कहीं भी बन सकते हैं अधिकतर ये आपके जोड़ों, आपके गुर्दे में या उसके आसपास बनते हैं। आपके शरीर की रक्षात्मक श्वेत रक्त कोशिकाएं क्रिस्टल पर हमला कर सकती हैं, जिससे सूजन और दर्द हो सकता है।

हाइपरयुरिसीमिया की दरें 1960 के बाद से तेजी से बढ़ी हैं। हाइपरयूरिसीमिया और गाउट के सबसे हालिया महत्वपूर्ण अध्ययन में पाया गया कि ये, 43.3 मिलियन अमेरिकन्स की स्थिति है।

यूरिक एसिड बढ़ने के कारण

आइये जानते हैं कि शरीर में यूरिक एसिक ज्यादा मात्रा में क्यों बनने लगता है।

  • यूरिक एसिड के बढ़ने का सबसे बड़ा कारण है खान-पान और लाइफस्टाइल में बदलाव।
  • अगर आप डायबिटीज के मरीज़ है तो आपके शरीर में यूरिक एसिड का बढ़ना बहुत ही आसान बात है क्योंकि डायबिटीज़ की दवाओं का सेवन करने से यूरिक एसिड बढ़ता है।
  • यूरिक एसिड दाल, राजमा, रेड मीट, सी-फूड, पनीर, गोभी, मशरूम, मटर, भिंडी, चावल और अरबी खाने से भी बढ़ता है।
  • भोजन के रूप में लिया जाने वाला प्यूरिन प्रोटीन भी यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ाता है।
  • कई बार वजन कम करने के चक्कर में या जबरदस्ती एक्सरसाइज करने से भी यूरिक एसिड बढ़ता है।
  • इसके अलावा जो लोग रेगुलर व्रत करते है उनमें भी यूरिक एसिड का लेवल बढ़ सकता है।
  • पेन किलर, ब्लड प्रेशर तथा कैंसर की दवाइयों के सेवन से भी यूरिक एसिड अधिक बढ़ता है।

Uric Acid Symptoms in Hindi में हमने आपको यूरिक एसिड बढ़ने के कारण भी बता दिए है इसलिए हमें अपने खान-पान पर विशेष ध्यान रखना चाहिए।

यूरिक एसिड बढ़ने पर क्या करें

Uric Acid Symptoms in Hindi में अब हम आपको बताते हैं कि यूरिक एसिड बढ़ने पर क्या करना चाहिए। यदि यूरिक एसिड का स्तर बढ़ गया है तो इन बातो का रखें ध्यान।

ज्यादा पानी पीऐं

शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा बढ़ने पर आपको पानी का सेवन ज्यादा से ज्यादा करना चाहिए। यूरिक एसिड को कम करने के लिए आपको रोजाना 8-10 ग्लास तक पानी पीना चाहिए। पानी पीने से शरीर में यूरिक एसिड का स्तर कम होने लगता है। यूरिक एसिड बढ़ने पर आपको तरल पदार्थों का सेवन करना लाभकारी होता है जैसे पानी, नारियल पानी, लस्सी, जूस आदि।

फाइबर युक्त भोजन का सेवन

यूरिक एसिड बढ़ने पर आपको अपनी डाइट में फाइबर युक्त चीज़ों का सेवन करना चाहिए। अधिक फाइबर का सेवन करने से यूरिक एसिड का स्तर बहुत तेज़ी से नीचे गिरता है। हाई फाइबर युक्त भोजन आपके ब्लड-शुगर को भी नियंत्रित करता है और साथ ही यूरिक एसिड को कम करने में मदद करता है। आप अपनी डाइट में केला, संतरा, सेब, अवाकाडो, नाशपाती आदि फलों को शामिल कर सकते हैं। ये सभी फल फाइबर युक्त है तथा इनमें से कुछ फल तरल पदार्थ वाले भी है जो बहुत ही सरलता से यूरिक एसिड की मात्रा कम करते हैं।

चीनी युक्त पदार्थों के सेवन से बचें

यूरिक एसिड की मात्रा बढ़ने पर आपको चीनी से युक्त या चीनी से बने पदार्थों का सेवन बिलकुल नहीं करना चाहिए। कोल्ड ड्रिंक, सोडा, आइसक्रीम तथा फ्रेश फलों के रस में अधिक मात्रा में मीठा होता है इसलिए आपको भूल से कभी भी इस सब चीजों का सेवन नही करना चाहिए क्योंकि ये सभी पदार्थ आपके शरीर में यूरिक एसिड के साथ ब्लड शुगर के लेवल को भी बढ़ा सकते हैं और आपको नुकसान हो सकता है।

ज्यादा से ज्यादा बेरीज़ खाएं

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यूरिक एसिड बढ़ने पर बेरीज़ का सेवन करना चाहिए जैसे कि रसबेरी, स्ट्रॉबरीज, ब्लूबरीज आदि। बेरीज में एंटी-इनफ्लामेटरी (Anti-Inflammatory) गुण होते हैं जो आपके रक्त में से यूरिक एसिड को कम करते हैं और साथ ही यूरिक एसिड के क्रिस्टल बनने से रोकते हैं जिससे गाउट और किडनी स्टोन जैसी बीमारियों के जोखिम कम हो जाते हैं।

Disclaimer: लेख में दिये गए सुझाव केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से बताए गये हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी फिटनेस व्यवस्था या चिकित्सकीय सलाह शुरू करने से पहले कृपया डॉक्टर से सलाह अवश्य लें।

Uric Acid बढ़ने पर क्या खाएं

जैसा की हमने आपको बताया कि Uric Acid बढ़ने पर आपको फाइबर युक्त भोजन करना चाहिए तथा रेशेदार फलों का सेवन करना चाहिए। अगर आपका यूरिक एसिड बढ़ा हुआ है तो आप पालक, अंडा, दूध, दही, छाछ, केला, संतरा, सेब, अवाकाडो, नाशपाती आदि का सेवन कर सकते है। इसके अलावा अगर आप मांस मछली भी खाते हैं तो ध्यान रखे कि आप हफ्ते में केवल 1 या 2 बार ही मांस, मछली का सेवन करें और कम से कम मात्रा में ही लें।

इन सब सब्जियों और फलों के अलावा आप अपने खान-पान में नट्स/ड्राई फ्रूट्स को भी शामिल कर सकते हैं जैसे की काजू, बादाम, अखरोट आदि। काजू में पोटेशियम, विटामिन ‘C’ और फाइबर जैसे कई पोषक तत्व मौजूद हैं जो Uric Acid को नियंत्रित करने में कारगर हैं। अगर बादाम की बात की जाए तो बादाम, यूरिक एसिड से ग्रस्त लोगों के लिए बहुत लाभकारी होता है। इसमें कैल्शियम, फाइबर, मैग्नीशियम, कॉपर, विटामिन, प्रोटीन और जिंक पाए जाते हैं।

बादाम का रोजाना सेवन करने से जोड़ों में दर्द और सूजन की समस्या में आराम मिल सकता है। साथ ही अगर अखरोट के गुणों की बात की जाए तो अखरोट को सुपरफूड भी कहा जाता है। इसमें एंटी ऑक्सीडेंट और पॉली अनसैचुरेटेड फैटी एसिड होता है जो शरीर से यूरिक एसिड को शरीर से बाहर निकालने में मदद करते हैं।

शरीर में यूरिक एसिड कैसे कम करें

Uric Acid Symptoms in Hindi में अब आपको शरीर में यूरिक एसिड के स्तर को कैसे कम करें उसकी जानकारी दे देते हैं। शरीर में यूरिक एसिड के लेवल को कम करने के लिए आपको फाइबर युक्त फलों, सब्जियों तथा ड्राई फ्रूट्स का सेवन करना चाहिए। इसके अलावा पानी का सेवन ज्यादा करना चाहिए और तरल पदार्थों को डाइट में शामिल करना चाहिए।

  • नियमित रूप से व्यायाम करें
  • दिन में ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं
  • अच्छी नींद लें
  • अच्छी नींद के लिए रात में सोने से पहले एक गिलास हल्दी वाला दूध पीना फायदेमंद हो सकता है
  • धूम्रपान और शराब का सेवन न करें।

यूरिक एसिड में क्या नही खाना चाहिए

Uric Acid की शिकायत होने पर वैसे तो आप लगभग सभी फलों का सेवन कर सकते हैं लेकिन कुछ फल ऐसे भी होते हैं जिनमें फ्रुक्टोज की मात्रा पाई जाती है और जो गाउट के खतरे को बढ़ा सकते है। इसलिए यूरिक एसिड बढ़ने पर तरबूज, अनानास जैसे फलों का अधिक सेवन करने से बचना चाहिए। जिन फलों में शुगर की मात्रा अधिक होती है उन फलों का सेवन भी नहीं करना चाहिए और ना ही उन फलों से बने जूस का सेवन करना चाहिए।

इसके अलावा चीनी युक्त सोडा, कोल्ड ड्रिंक्स जैसे पेय पदार्थों को नहीं पीना चाहिए। इन्हें पीने से भी यूरिक एसिड बढ़ता है। शहद और हाई फ्रुक्टोस कॉर्न सिरप वाले खाद्य पदार्थों को नहीं खाएं। किसी भी प्रकार के खमीर न खाएं।

मासाहारी लोगों को कुछ खास प्रकार का मीट जैसे कलेजी, गुर्दा और भेजा आदि नहीं खाना चाहिए। साथ ही हिरण के मांस और तीतर के मांस का सेवन भी नहीं करना चाहिए ऐसा करने से यूरिक एसिड का स्तर बहुत तेज़ी से बढ़ने लगता है।

जिन लोगों को मछली खाना बेहद पसंद है उन लोगों को बता दे की हेरिंग, ट्राउट, मैकेरल, टूना (मछली के प्रकार) मछलियों को न खाएं। यह भी यूरिक एसिड के स्तर को बढ़ाने का काम करती हैं।

समुद्री खाद्य पदार्थों से बचें। यूरिक एसिड बढ़ा हुआ होने पर केकडा, झींगा जैसे समुद्री खाद्य पदार्थ का सेवन बिलकुल भी नहीं करना चाहिए।

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विशेषज्ञों के अनुसार, अगर शरीर में यूरिक एसिड का स्तर बढ़ जाए तो कुछ खाद्य पदार्थों से दूरी बना लेनी चाहिए। चॉकलेट, चिप्स, बिस्किट, आइसक्रीम और पैकेज्ड फूड से जितना परहेज करेंगे, उतना ही आपके लिए अच्छा होगा क्योंकि इनके सेवन से यूरिक एसिड का स्तर और बढ़ सकता है।

यूरिक एसिड में कौन सी दाल नहीं खानी चाहिए

वैसे तो Uric Acid के मरीज़ों को दाल खाने की सलाह दी जाती हैं लेकिन कुछ दाल ऐसी होती हैं जिसमें प्यूरीन बहुत अधिक मात्रा में पाया जाता है जिनका सेवन करने से दर्द और सूजन की समस्या बढ़ सकती है। राजमा, छोले, काले चने, मसूर की दाल ये सब वो दाल है जिसका सेवन, यूरिक एसिड के बढ़ने पर बिलकुल भी नहीं करना चाहिए।

अगर Uric Acid के मरीज़ दाल का सेवन करना चाहते है तो वे मूंग की दाल और अरहर की दाल का सेवन कर सकते हैं। मूंग की दाल काफी लाइट और हेल्दी होती है। आपको मालूम ही होगा की खिचड़ी और स्प्राउट में मूंग दाल का ही उपयोग किया जाता है। मूंग दाल का सेवन आप किसी भी रूप में कर सकते हैं। अरहर की दाल में भी भरपूर मात्रा में प्रोटीन होता है।

यूरिक एसिड में क्या दूध पीना चाहिए

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार Uric Acid के मरीज़ों को दूध पीना चाहिए लेकिन इस बात का ख्याल रखें कि आप उस दूध का सेवन करें जिसमे फैट कम हो। दूध के अलावा आप अन्य डेयरी प्रोडक्ट्स का भी सेवन कर सकते हैं लेकिन वो भी लो फैट होंगे तो ज्यादा फायदा करेंगे।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों द्वारा दूध पीने की सलाह इसलिए दी जाती है क्योंकि दूध में प्यूरीन बहुत ही कम मात्रा में पाया जाता है जो आपके ब्लड में से यूरिक एसिड की मात्रा को कम करता है। साथ ही दूध में कैल्शियम अधिक मात्रा में होता है जिससे बोन डेंसिटी बेहतर होती है और गठिया होने का खतरा कम हो जाता है।

अगर यूरिक एसिड के किसी मरीज को दूध पीना पसंद नहीं है तो वे मरीज कॉफी तथा ग्रीन-टी का सेवन कर सकते हैं।

Uric Acid में कौनसी सब्ज़ी खाएं

यूरिक एसिड को नियंत्रित रखने के लिए हरी पत्तेदार सब्जियों को खाना चाहिए। यूरिक एसिड बढ़ा हुआ होने पर पालक, गोभी और मटर की सब्ज़ी खा सकते हैं। इन सब्जियों के अलावा आप आलू, मशरूम और बैंगन की सब्ज़ी भी खा सकते हैं। ये सब सब्जियां यूरिक एसिड को कंट्रोल करने में सक्षम है।

साथ ही आप ब्राउन राइस, ओट्स और जौं भी खा सकते हैं इसके अलावा आप बीन्स, सोयाबीन और तोफू आदि का सेवन भी कर सकते हैं जो यूरिक एसिड की समस्या को कम करने में मदद कर सकते हैं।

Disclaimer: यह जानकारी आयुर्वेदिक नुस्खों के आधार पर लिखी गई है। thenewsgale.com इनके सफल होने या इसकी सत्यता की पुष्टि नहीं करता है। इनके इस्तेमाल से पहले चिकित्सक का परामर्श जरूर लें।

यूरिक एसिड में चाय पी सकते हैं क्या

Uric Acid Symptoms in Hindi में अब हम आपको बताएंगे कि यूरिक एसिड के मरीजों को किसी भी प्रकार की चाय को पीना चाहिए या नहीं? यूरिक एसिड के मरीज़, ग्रीन-टी और मिल्क टी, दोनों का सेवन कर सकते हैं।

ग्रीन-टी की बात की जाए तो ग्रीन-टी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट हाइपरयूरिसेमिया यानि हाई यूरिक एसिड के स्तर को कम करने में सक्षम है। साथ ही, ग्रीन टी पीने से गाउट जैसी बीमारी का खतरा भी कम होता है। ग्रीन टी बॉडी में यूरिक एसिड का स्तर नियंत्रित करती है। इसके साथ ही जो लोग दिन में 2 बार ग्रीन टी पीते हैं उन्हें गठिया होने का खतरा भी कम होता है। साथ ही दर्द और सूजन जैसी समस्या भी दूर होती है।

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अगर साधारण मिल्क टी की बारे में बात की जाए तो Uric Acid के मरीजों को मिल्क टी का सेवन कम करना चाहिए। दूध में फैट की मात्रा अधिक होती है जिसके कारण शरीर में यूरिक एसिड का लेवल बढ़ सकता लेकिन अगर लो फैट दूध में चाय का सेवन करते हैं तो वो आपको नुकसान नहीं पहुंचाएगा। इसके अलावा मिल्क टी में चीनी भी कम मात्रा में होनी चाहिए।

क्या टमाटर खाने से यूरिक एसिड बढ़ता है

टमाटर में 90% पानी है और हम सभी जानते हैं कि पानी हमारे लिए बहुत आवश्यक है। टमाटर में कई तरह के एंटीऑक्सिडेंट्स भी मौजूद होते हैं। यह एक ऐसा खाद्य है जिसमें प्यूरिन की मात्रा अत्यधिक कम होती है। टमाटर का नियमित सेवन करना हमें गठिया रोग से बचाता है। इसमें कई तरह के विटामिन्स होते हैं जो गठिया में हो रहे दर्द और सूजन को दूर करने में मददगार होते हैं।

टमाटर में बहुत सी सामग्रियां काफी कम होती हैं जैसे, 100 ग्राम टमाटर में 236 मिलीग्राम पोटेशियम और लगभग 20 कैलोरी होगी जो अन्य सब्जियों की तुलना में काफी कम है, इसलिए ये हानिकारक नहीं हैं।

उच्च स्तर के यूरिक एसिड से ग्रसित लोगों के लिए टमाटर समग्र स्वास्थ्य के लिए अच्छा है। टमाटर हमारे शरीर में यूरिक एसिड के स्तर को प्रभावित नहीं करता है। टमाटर किसी भी भोजन का एक स्वादिष्ट हिस्सा है और बहुत स्वस्थ भी है।

क्या दही खाने से यूरिक एसिड बढ़ता है

यूरिक एसिड के मरीज़, अक्सर दही को लेकर हमेशा कंफ्यूजन में ही रहते हैं कि इसे खाएं या नहीं। तो आपको बता दे की दही पोषक तत्व से भरी होती है और आप इसे यूरिक एसिड में भी खा सकते हैं। दही खाने से यूरिक एसिड बिल्कुल नहीं बढ़ता है, बल्कि गर्मियों में ये आपके पाचन तंत्र और इम्युनिटी के लिए बहुत जरूरी है। ध्यान रहे, दही ताज़ी और लो फैट या स्किम्ड मिल्क से बनी होनी चाहिए।

Uric Acid Symptoms in Hindi में हमने आपको सारी उचित जानकारियां साझा की हैं। यूरिक एसिड के लक्षण, आपको क्या खाना है, क्या नहीं खाना है लगभग बता दिया गया है ताकि आप अपनी सेहत का विशेष ध्यान रख सकें। अब हम आपको यूरिक एसिड के कुछ घरेलू उपाय भी बता देते हैं।

Uric Acid को कंट्रोल करने के घरेलू तरीके

अब हम इस आर्टिकल Uric Acid Symptoms in Hindi में आपको कुछ घरेलू उपाय भी बता रहे हैं लेकिन लोगों को घरेलू इलाज़ पर ज्यादा भरोसा नहीं करना चाहिए। यदि आपका Uric Acid का स्तर बढ़ गया है तो नज़दीकी चिकित्सक से परामर्श लें।

अजवाइन का पानी Uric Acid में फायदेमंद

अजवाइन का पानी बढ़े हुए यूरिक एसिड को कंट्रोल करने का काम करता है। इसे बनाने के लिए आप को एक गिलास पानी में एक चम्मच अजावाइन को रातभर भिगो कर रखना है और उसके बाद इसे सुबह खाली पेट पी लें। रोजाना इसका सेवन करने से महज हफ्तेभर में आपको फर्क देखने को मिलेगा।

अदरक Uric Acid में फायदेमंद

अदरक भी आप के बढ़े हुए यूरिक एसिड को कम करने में मददगार साबित हो सकता है। इसके लिए अदरक को या तो काढ़े के रूप में या फिर चाय में डालकर पीएं। इसके अलावा अदरक के तेल से मालिश करने से भी सूजन और दर्द से राहत मिलती है।

लहसुन

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यूरिक एसिड को कंट्रोल करने के लिए लहसुन की दो से तीन कलियां रोज खाएं।

नींबू से युरिक एसिड से आराम

हाई यूरिक एसिड से जूझ रहे लोगों को नींबू का सेवन जरूर करना चाहिए। यह यूरिक एसिड को अपने में घोल लेता है और उसे शरीर से बाहर निकालने में मदद करता है। आप खाने से पहले आधे नींबू को एक गिलास पानी में निचोड़ लें और पी लें। चाहें तो इसका इस्तेमाल शर्बत में भी कर सकते हैं। गुनगुने पानी में नींबू डालकर पीने से यूरिक एसिड जल्द कंट्रोल होता है।

डॉक्टर द्वारा यूरिक एसिड का इलाज

आपका डॉक्टर क्रिएटिनिन के स्तर को मापने के लिए रक्त और मूत्र परीक्षण का आदेश दे सकता है जो कि व्यक्ति के गुर्दे में यूरिक एसिड की मात्रा और उसका स्तर निर्धारित करता है।

रक्त आमतौर पर आपकी बांह की नस से लिया जाता है। यूरिक एसिड आमतौर पर मरीज़ के मूत्र में पाया जाता है क्योंकि मरीज़ का शरीर इसे उत्सर्जित करता है। यदि मरीज़ के रक्त में यूरिक एसिड का स्तर ज्यादा पाया जाता है तो डॉक्टर 24 घंटे के मूत्र परीक्षण का आदेश दे सकता है।

यह मूत्र परीक्षण फिर प्यूरीन-प्रतिबंधित आहार के बाद दोहराया जाता है, जो यह निर्धारित करने में मदद करता है कि क्या:

  • आप बहुत अधिक उच्च-प्यूरीन खाद्य पदार्थ खा रहे हैं
  • आपका शरीर बहुत अधिक यूरिक एसिड बना रहा है
  • आपका शरीर पर्याप्त यूरिक एसिड नहीं निकाल रहा है

यदि आप गाउट के लक्षणों का अनुभव कर रहे हैं तो आपका डॉक्टर आपके जोड़ों में बनने वाले किसी भी तरल पदार्थ का परीक्षण करना चाहेगा। यह मरीज़ के जोड़ से तरल पदार्थ निकालने के लिए एक महीन सुई का उपयोग करके किया जाता है। इसे एक प्रयोगशाला में भेजा जाएगा जहां यूरिक एसिड क्रिस्टल के किसी भी सबूत के लिए इसकी जांच की जाएगी। इन क्रिस्टल की उपस्थिति गठिया को इंगित करती है।

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Disclaimer: आर्टिकल में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए दिए गए हैं और इसे आजमाने से पहले किसी पेशेवर चिकित्सक सलाह जरूर लें। किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने, एक्सरसाइज करने या डाइट में बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

उम्मीद करते हैं आपको हमारा ये लेख Uric Acid Symptoms in Hindi से काफी जानकारी मिली होगी। यदि हमारा आर्टिकल आपको पसंद आया हो तो आर्टिकल को ज्यादा से ज्यादा लोगों के साथ शेयर करें और इन्फॉर्मेशन आगे बढ़ाए।

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