नई दिल्ली, 4 अप्रैल को बॉलीवुड की प्रतिष्ठित मनोवैज्ञानिक थ्रिलर फिल्म ‘डर’ फिर से सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है। 1993 में आई इस फिल्म को यश चोपड़ा ने निर्देशित किया था और इसमें शाहरुख खान, Juhi Chawla और सनी देओल जैसे बड़े सितारे थे। इस फिल्म के आधिकारिक प्रोडक्शन हाउस यश राज फिल्म्स (वाईआरएफ) ने इसकी घोषणा की है, और फिल्म प्रेमियों के लिए यह एक शानदार मौका है, जब वे इस क्लासिक फिल्म को फिर से बड़े पर्दे पर देख सकेंगे।
‘डर’ की कहानी और शाहरुख खान की भूमिका
Sponsored Ad
‘डर’ फिल्म की कहानी एक ऐसे युवक राहुल (शाहरुख खान) के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपनी प्रेमिका किरण (Juhi Chawla) से बेहद जुनूनी हो जाता है। किरण की सगाई पहले से ही नौसेना अधिकारी सुनील (सनी देओल) से हो चुकी होती है, लेकिन राहुल का जुनून उसे खतरनाक मोड़ पर ले आता है। फिल्म में शाहरुख खान ने एक ऐसे प्रेमी का किरदार निभाया है, जो प्यार के नाम पर किसी भी हद तक जा सकता है। उनकी अभिनय क्षमता और चरित्र का गहरा असर दर्शकों पर पड़ा, जिसने उन्हें बॉलीवुड का सबसे बड़ा स्टार बना दिया।
सस्पेंस और रोमांच से भरपूर फिल्म
यह फिल्म एक शानदार थ्रिलर थी, जो सस्पेंस, रोमांच और भय के बीच संतुलन बनाए रखती है। शाहरुख खान के अभिनय की सराहना की गई, खासकर उनके किरदार राहुल के डरावने रूप को लेकर। फिल्म में न केवल शाहरुख का अभिनय, बल्कि यश चोपड़ा का निर्देशन भी बहुत प्रभावशाली था। फिल्म की संगीत, विशेष रूप से ‘जादू तेरी नज़र’ और ‘तू मेरे सामने’ जैसे गाने, आज भी दर्शकों के दिलों में बसे हुए हैं।
यश चोपड़ा का बेहतरीन निर्देशन और संगीत
‘डर’ को यश चोपड़ा ने एक स्टाइलिश तरीके से निर्देशित किया था। फिल्म में हर एक सीन को सस्पेंस और इमोशन से भरपूर तरीके से पेश किया गया, जिससे दर्शक पूरी फिल्म के दौरान अपनी सीट से चिपके रहते थे। हनी ईरानी द्वारा लिखी गई पटकथा ने कहानी को और भी दिलचस्प बना दिया। इस फिल्म के संगीतकार शिव-हरि थे, जिनका संगीत आज भी लोगों के दिलों में जिन्दा है।
‘डर’ का असर और शाहरुख की सुपरस्टार बनने की राह
‘डर’ फिल्म ने शाहरुख खान को बॉलीवुड का सबसे बड़ा सुपरस्टार बना दिया। उनकी भूमिका में एक विशेष आकर्षण था, जिसने दर्शकों को फिल्म से जोड़े रखा। इस फिल्म ने शाहरुख के करियर को एक नई दिशा दी और उनके अभिनय की गुणवत्ता को साबित किया। हालांकि फिल्म में कुछ ऐसे विचार सामने आए थे, जो जुनून और प्रेम के बीच की सीमा पर बहस कर रहे थे, फिर भी इसे एक क्लासिक थ्रिलर के रूप में स्वीकार किया गया।
फिल्म का दोबारा रिलीज़ होना: क्या है खास?
अब 4 अप्रैल को जब यह फिल्म फिर से सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है, तो यह उन दर्शकों के लिए एक शानदार मौका है जो इस फिल्म को पहले नहीं देख पाए थे या फिर उन लोगों के लिए, जो इसे बड़े पर्दे पर फिर से देखना चाहते हैं। फिल्म के पोस्टर के साथ वाईआरएफ ने यह घोषणा की है कि “इस प्रतिष्ठित कहानी को फिर से बड़े पर्दे पर देखें! #डर कल सिनेमाघरों में फिर से रिलीज हो रही है। अभी अपनी टिकटें बुक करें।”
यह फिल्म न केवल अपने समय की बेहतरीन फिल्म मानी जाती है, बल्कि यह बॉलीवुड के सबसे यादगार थ्रिलर फिल्मों में भी शामिल है।